जय भोला भंडारी शिव हर
आकार
प्रदर्शन
जय भोला भंडारी शिव हर, जय भोला भंडारी ।
जय कैलाशपति शिवशंकर, सब जग के हितकारी ॥
निशदिन तेरा ध्यान धरें हम, सिमरें मंत्र तिहारा ।
हे शिव शंकर मंत्र जगाओ, होवे घट उजियारा ॥
नमामि शंकर नमामि शंकर, कृपा करो त्रिपुरारी ।
शंख नाद से शब्द जगाकर, स्वर संगीत बहाया ।
युग युग से ये सृष्टि नाचे, ऐसा डमरू बजाया ॥
शिव का नाम जपे से जग में, सुख पावे संसारी ।
तीनों ताप हरण कर लेता, ये त्रिशूल तिहारा ।
शिव का नाम जपे से जग में, मिलता मुक्ति द्वारा ॥
महादेव परब्रह्म विधाता, आये शरण तिहारी ।
जय भोला भंडारी शिव हर, जय भोला भंडारी ।
जय कैलाशपति शिवशंकर, सब जग के हितकारी ॥
निशदिन तेरा ध्यान धरें हम, सिमरें मंत्र तिहारा ।
हे शिव शंकर मंत्र जगाओ, होवे घट उजियारा ॥
नमामि शंकर नमामि शंकर, कृपा करो त्रिपुरारी ।
शंख नाद से शब्द जगाकर, स्वर संगीत बहाया ।
युग युग से ये सृष्टि नाचे, ऐसा डमरू बजाया ॥
शिव का नाम जपे से जग में, सुख पावे संसारी ।
तीनों ताप हरण कर लेता, ये त्रिशूल तिहारा ।
शिव का नाम जपे से जग में, मिलता मुक्ति द्वारा ॥
महादेव परब्रह्म विधाता, आये शरण तिहारी ।
अर्थ वेद पथ संपादकीय टीम द्वारा संकलित एवं संपादित हैं, और सामग्री की क्रमशः समीक्षा की जा रही है।